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मुंबई का बढ़ता असली आतंक : टी.बी , क्षय रोग

प्राची साल्वे ,
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पिछले साल क्षय रोग (तपेदिक) की इस बीमारी से 7075 लोगों के ग्रसित होने से ऐसा प्रतीत होता है कि  यह मुंबई में सबसे बड़ा हत्यारा है। टीबी  के बाद दूसरी सबसे बड़ी बीमारी उच्च रक्तचाप है जो 2013-14 में 4525 लोगों की मृत्यु का कारण बनी । इस तरह के कुछ निष्कर्ष ,  मुंबई स्थित एक वकालत समूह, प्रजा फाउंडेशन, द्वारा बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के स्वास्थ्य विभाग में  दायर सूचना का अधिकार (आरटीआई) के अनुरोध के माध्यम से सरकारी अस्पतालों और औषधालयों के रिकॉर्ड देखने से प्राप्त हुए हैं ।

 

अतिसार (डायरिया) के कारण  पिछले साल मुंबई के अस्पतालों में 118,143 मामले भर्ती हुए जबकि टीबी के सिर्फ 43,664 मामले दर्ज किए गए । हमने  पहले बताया है कि  मुंबई  की स्वास्थ्य व्यवस्था भारत की सबसे बेहतर स्वास्थ्य  व्यवस्थाओं में  से एक है, हालांकि यहां  मेडिकल स्टाफ और बुनियादी सुविधाओं की बहुत कमी  है । अब हम मुंबई में इस रोग की घटनाओं और उनसे मृत्यु पर आंकड़ों का उल्लेख करते हैं ।

 

मुंबई की विकृतियाँ

 

इस चित्रांकन में मुंबई में विभिन्न रोगों से हुई घटनाओं और मृत्यु पर नज़र डालते हैं

आप किसी एक वर्ग और बीमारी में से एक को चुनें

 

 

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