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भारतीय कृषि में ऐतिहासिक बदलाव, फल-सब्जियों ने खाद्यान्न को पछाड़ा

चैतन्य मालापुर,
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ऐसा पहली बार हुआ है कि भारत में सब्जियों, फलों (हार्टीकल्चर )का उत्पादन खाद्यान्न से भी ज्यादा हुआ है। साल 2012-13 में देश में फल, सब्जियों का त्पादन 26.89 करोड़ टन हुआ, जबकि खाद्यान्न का उत्पादन इस अवधि में 25.71 करोड़ टन हुआ है। हार्टीकल्चर उत्पादन में फल, सब्जियां, चाय, कॉफी, रबर, मसाले जैसी फसलें आती हैं। इसमें से 60 फीसदी हिस्सेदारी सब्जों और 30 फीसदी फलों की है। भारत फलों और सब्जियों की विभिन्न किस्मों के लिए जाना जाता है, साथ ही वह दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक देश है। पिछले दो दशकों में हार्टीक्लचर फसलों के उत्पादन का क्षेत्र भी दोगुना बढ़ा है।

 

साल 1991-92  में भारत में कुल हार्टीकल्चर फसलों का क्षेत्र करीब 1.27 करोड़ हैक्टेअर था। जो कि साल 2012-13 में 85 फीसदी बढ़कर 2.36 करोड़ हैक्टेअर पर पहुंच गया है। इस अवधि में फल, सब्जियों का कुल उत्पादन भी 2.8 गुना बढ़ा है। जबकि उत्पादकता 1.5 गुना बढ़ी है। किसान खास तौर से शहरी क्षेत्रों में बढ़ती मांग को देखते हुए अब फलों और सब्जियों का ज्यादा उत्पादन कर रहे हैं। जो कि संपन्नता का भी प्रतीक है। अगर फलों, सब्जियों के भंडारण क्षमता को बढ़ाया जाय, जिसमें रेफ्रीजरेसन, परिवहन और बाजार तक पहुंच के इंफ्रास्ट्क्चर को मजबूत किया जाय, तो हार्टीकल्चर फसलों के उत्पादन में कहीं ज्यादा बढ़ोतरी हो सकती है।

 

आइए फलों, सब्जियों और खाद्यान्न के उत्पादन में हो रही बढ़ोतरी के ट्रेंड को देखते हैं।

 

वित्त वर्ष 2002 से 2014 के बीच हार्टीकल्चर फसलें और खाद्यान्न उत्पादन (मिलियन टन)
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Source: Ministry of Agriculture, FY 2014 figures are provisional.

 

साल 2001-02 से लेकर 2012-13 के बीच भारत में फलो, सब्जियों का उत्पादन 84 फीसदी बढ़ा है। वित्त वर्ष 2012-13 में कुल उत्पादन 26.89 करोड़ टन रहा, वहीं खाद्यान्न उत्पादन 25.71 करोड़ टन रहा था।

 

दुनिया में  फलों, सब्जियों का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक देश के प्रमुख क्षेत्र

 

भारत में सबसे ज्यादा फलों, सब्जियों का उत्पादन पश्चिम बंगाल में 2.92 करोड़ टन था। उसके बाद आंध्र प्रदेश में 2.89 करोड़ उत्पादन हुआ है। आइए राज्यवार फलों, सब्जियों के उत्पादन पर एक नजर डालते हैं।

 

वित्त वर्ष 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाले राज्य, वित्त वर्ष 2010-11 से 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाले राज्य

 

replacefruitsSource: Ministry of Agriculture

 

वित्त वर्ष 2012-13 में आंध्र प्रदेश में सबसे ज्यादा फलों का उत्पादन 1.38 करोड़ टन हुआ है। जिसकी कुल उत्पादन में 17 फीसदी हिस्सेदारी है। इसके बाद महाराष्ट्र की 97 लाख टन उत्पादन के साथ 12 फीसदी हिस्सेदारी है। वहीं गुजरात 84 लाख टन के साथ 10 फीसदी हिस्सेदारी रखता है। वित्त वर्ष 2010-11 और 2012-13 के बीच कुल फलों का उत्पादन 8.5 फीसदी बढ़कर 8.1 करोड़ टन हो गया है। भारत इस समय आम, केला, पपीता, अनरा, नीबूं, चीकू, आवंला के उत्पादन में पहले स्थान पर है।

 

 वित्त वर्ष 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा सब्जियां उत्पादन करने वाले राज्य, वित्त वर्ष 2010-11 से 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा सब्जियां उत्पादन करने वाले राज्य

 

replacevegSource: Ministry of Agriculture

 

भारत में 40 से ज्यादा तरह की सब्जियों का उत्पादन किया जाता है। इसमें साल 2012-13 के आंकड़ों के अनुसार पश्चिम बंगाल कुल उत्पादन में 15.7 फीसदी हिस्सेदारी के साथ पहले स्थान पर है। साल 2010-11 से 2012-13 के बीच में सब्जियों का उत्पादन देश में 10.6 फीसदी बढ़कर 16.2 करोड़ टन पर पहुंच गया है। पश्चिम बंगाल के बाद उत्तर प्रदेश 1.9 करोड़ टन उत्पादन के साथ दूसरे नंबर पर है। इसके बाद 1.6 करोड़ टन के साथ बिहार का स्थान है। जबकि मध्य प्रदेश और आंध्रप्रदेश 1.2 करोड़ टन सब्जियों का उत्पादन करते हैं। भारत में सबसे ज्यादा आलू, टमाटर, प्याज, बैंगन, आदि का उत्पादन होता है। भारत मटर, भिंडी के उत्पादन में पहले स्थान पर है। जबकि बैंगन, फूलगोभी, पत्तागोभी और प्याज में दूसरा स्थान है। इसके अलावा मसालों के उत्पादन, खपत और निर्यात में दुनिया में पहला स्थान रखता है। देश में 50 से ज्यादा मसालों का उत्पादन होता है।

 

चीन के बराबर है भारत की उत्पादकता

 

साल 2012-13 में भारत की दुनिया में होने वाले कुल फल उत्पादन में 12.6 फीसदी और सब्जियों में 14 फीसदी हिस्सेदारी है।

 

वित्त वर्ष 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाले देश, फल उत्पादन और उत्पादकता में सबसे ज्यादा उत्पादन करने वाले देश

 

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Source: Lok Sabha; Figures for FY 2013

 

उत्पादन के आधार पर चीन दुनिया का सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाला देश है। चीन कुल 13.7 करोड़ टन फलों का उत्पादन करता है। दुनिया में पांच सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाले देशों में चार विकासशील दे हैं। भारत की इसमें 12.6 फीसदी और चीन की 21.6 फीसदी हिस्सेदारी है। दोनो देशों की उत्पादकता दर 11.6 मिलियन टन प्रति हैक्टेअर है।

 

वित्त वर्ष 2012-13 में पांच सबसे ज्यादा फल उत्पादन करने वाले देश, फल उत्पादन और उत्पादकता में सबसे ज्यादा उत्पादन करने वाले देश
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Source: Lok Sabha; Figures for FY 2013

 

चीन के बाद भारत सब्जियों का उत्पादन करने वाला दूसरा सबसे बड़ा देश है। चीन जहां 5.7 करोड़ टन और भारत 1.6 करोड़ टन सब्जियों का उत्पादन करता है। सब्जियों की उत्पादकता के मामले में भारत दुनिया के सबसे ज्यादा उत्पादन करने वाले 10 देशों में सबसे नीचे है। स्पेन में उत्पादकता 3.93 करोड़ टन प्रति हैक्टेअर सबसे ज्यादा है। भारत की 1.76 करोड़ टन प्रति हैक्टेअर उत्पादकता है।

 

भारत से साल 2013-14 मे कुल 14365 करोड़ रुपये का फसल और सब्जियों का निर्यात हुआ है। जो कि करीब 2.4 अरब डॉलर है। दुनिया में दूसरे सबसे बड़े फल और सब्जियों का उत्पादक होने के बावजूद भारत साल 2012 में मूल्य के आधार पर फलों के कुल निर्यात में 0.36 फीसदी और सब्जियों में 1.03 फीसदी हिस्सेदारी रखता है। निर्यात में हिस्सेदारी कम होने की सबसे प्रमुख वजह भारत का खाद्य सुरक्षा मानकों में पिछड़ा होना है। आईआईएम अहमदाबाद के पी.के. सिन्हा के रिसर्च पेपर के अनुसार भारत में उत्पादन में चार गुऩा बढ़ोतरी होनी चाहिए। जिससे कि निर्यात में बढ़ोतरी की जा सके।

 

भारत सरकार निर्यात को बढ़ाने की कोशिश कर रही है। इसके लिए साल 2014-15 में मिशनल इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट ऑफ हार्टीकल्चर की शुरूआत की गई है। इसके जरिए इंफ्रास्ट्क्चर बेहतर करने के साथ-साथ मार्केट प्रमोशन, गुणवत्ता और परिवहन को किया जा रहा है। इस दिशा में साल 2005-06 में शुरू हुए नेशनल हार्टीकल्चर मिशन में लगातार सहयोग दे रहा है।

 

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